पटना, 20 फरवरी। केंद्र सरकार का मजदूर विरोधी नीति के विरोध में आज पटना के स्थानीय जीपीओ परिसर में भारतीय मजदूर संघ (बीएमएस) द्वारा काला दिवस मनाया गया.
भारतीय मजदूर संघ (बीएमएस) के राष्ट्रीय संगठन मंत्री बी. सुरेन्द्रन ने कहा कि वर्तमान सरकार पूंजीवादियों के इशारे पर चल रही है जिस वजह से सरकार द्वारा केंद्रीय बजट में श्रमिकों एवं श्रम की घोर उपेक्षा की जा रही है. साथ ही साथ श्रमिकों को प्रताड़ित करने का सिलसिला भी जारी है.
बी. सुरेन्द्रन ने कहा कि यदि 25 फरवरी तक सरकार की ओर से कोई सकारात्मक कदम नहीं उठाया गया तो नई दिल्ली, विज्ञान भवन में 26-27 फरवरी को आयोजित भारतीय श्रम सम्मेलन का भारतीय मजदूर संघ बहिष्कार करेगा. विरोध स्वरूप विज्ञान भवन के समक्ष प्रदर्शन किया जाएगा एवं पूरे देश में जिला एवं यूनियन के इकाई स्तर पर विरोध प्रदर्शन किया जाएगा.
राष्ट्रीय संगठन मंत्री बी. सुरेन्द्रन ने भारतीय मजदूर संघ की ओर से निम्नलिखित मांगों को
केंद्र सरकार से पूरा करने की बात कही जिसमे

1. आयकर छूट सीमा 5 लाख.
2. आयकर से सेंस समाप्त करना.
3. वेतन को आयकर से मुक्त करना.
4. रेलवे, रक्षा, बैंक, बीमा, आदि सार्वजनिक उद्योगों में विनिवेश एवं एफडीआई पर रोक लगाना.
5. फिक्स्ड टर्म इंप्लायमेंट प्रथा पर रोक लगाना.
6. आंगनवाडी, आशाकर्मी, मध्याहन भोजन कर्मी सहित सभी स्कीम वर्कर्स को कर्मचारी घोषित करना एवं सामाजिक सुरक्षा प्रदान करना.
7. सभी पीएसयू में वेतन समझौता शीघ्र करें, ठेका कर्मचारियों को समान कार्य हेतु समान वेतन देना आदि की मांग की.

श्री सिन्हा ने कहा कि बीएमएस किसी भी राजनीतिक दल का पिछलग्गू नहीं है ऐसे में आंदोलन करना समय की मांग है विदित हो कि गत 17 फरवरी 2017 को भारतीय मजदूर संघ दिल्ली में विशाल प्रदर्शन कर प्रधानमंत्री को मजदूरों के आक्रोश से अवगत कराया था. बिहार में संभवता सभी श्रमिक यूनियन के सदस्य काली पट्टी बांधकर बिहार के श्रम विरोधी बजट के खिलाफ प्रदर्शित किए.
विरोध प्रदर्शन में भारतीय मजदूर संघ के प्रदेश अध्यक्ष प्रोफेसर डॉक्टर सियाराम शर्मा ने कहा कि केंद्र में जब मोदी की सरकार बनी तो श्रमिक संगठनों को ऐसा लगा था कि यह सरकार श्रमिकों का भला करेगा  लेकिन सत्ता पाते ही केंद्र सरकार अपने कर्तव्यों को भूल गई सरकार की उदासीनता की वजह से श्रमिकों एवं श्रम के मूल्यों का हनन हो रहा है. केंद्र सरकार द्वारा आए दिन मजदूर विरोधी नीतियों को लागू किया जा रहा है जिसका विरोध भारतीय मजदूर संघ करता है.
भारतीय मजदूर संघ के प्रदेश महामंत्री उमा प्रसाद बाजपेई ने कहा कि केंद्र की सरकार अब वादाखिलाफी कर रही है सरकार ने सबको वाजिब हक देने का वादा किया था लेकिन ऐसा नहीं कर सरकार श्रमिकों को धोखा देने का काम कर रही है.
विरोध प्रदर्शन में क्षेत्रीय संगठन मंत्री श्री सुरेश प्रसाद सिन्हा, राष्ट्रीय मंत्री श्री संजय कुमार सिन्हा, नीरज कुमार. नागेंद्र गुप्ता एवं भवन निर्माण से रामबाबू सिंह, रविशंकर प्रसाद और राम अयोध्या प्रसाद एवं कई लोग उपस्थित रहे.

Leave a Reply

Your email address will not be published.